सीबीएसई ने 2026 की परीक्षाओं के लिए सीधे प्रवेश और विषय बदलाव की समय सीमा तय कर दी है। यह फैसला छात्रों और स्कूलों को बेहतर तैयारी का मौका देगा। नई समय सीमा से परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और व्यवस्था आएगी। छात्रों को अपने विकल्प सोच-समझकर चुनने का समय मिलेगा। स्कूलों को भी प्रशासनिक काम के लिए पर्याप्त समय मिलेगा।
Key Points
- सीधे प्रवेश की अंतिम तिथि: 30 सितंबर 2025
- विषय बदलाव की अंतिम तिथि: 31 अक्टूबर 2025
- विषय बदलाव के लिए प्रिंसिपल की अनुमति जरूरी
- छात्रों को शपथ पत्र देना होगा
सीधे प्रवेश की समय सीमा
सीबीएसई ने 2026 की बोर्ड परीक्षाओं के लिए सीधे प्रवेश की अंतिम तिथि घोषित कर दी है। अब छात्रों को 30 सितंबर 2025 तक अपना प्रवेश फॉर्म जमा करना होगा। इससे पहले कोई निश्चित तारीख नहीं थी, जिससे कई बार देर से प्रवेश लेने वाले छात्रों को परेशानी होती थी। नई समय सीमा से छात्रों और स्कूलों को पर्याप्त समय मिलेगा ताकि वे सभी जरूरी कागजात और प्रक्रियाएं पूरी कर सकें। यह कदम परीक्षा प्रणाली में और अधिक व्यवस्था लाएगा।
विषय बदलाव के नियम
सीबीएसई ने विषय बदलाव के नियमों में भी बदलाव किया है। अब छात्र 31 अक्टूबर 2025 तक अपने विषय बदल सकते हैं। पहले यह समय सीमा 31 दिसंबर तक थी। नए नियम के तहत, छात्रों को विषय बदलने के लिए स्कूल प्रिंसिपल की अनुमति लेनी होगी। इसके अलावा, उन्हें एक शपथ पत्र भी देना होगा कि वे नए विषय की पढ़ाई पूरी करेंगे। यह बदलाव छात्रों को सोच-समझकर फैसला लेने का मौका देगा।
छात्रों और स्कूलों पर प्रभाव
इन नए नियमों का छात्रों और स्कूलों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। छात्रों को अपने करियर के बारे में सोचने और सही विषय चुनने का पर्याप्त समय मिलेगा। वे बिना किसी दबाव के अपने पसंदीदा विषय चुन सकेंगे। स्कूलों को भी फायदा होगा। उन्हें छात्रों के रिकॉर्ड अपडेट करने और परीक्षा की तैयारी के लिए ज्यादा समय मिलेगा। इससे परीक्षा प्रक्रिया में गलतियों की संभावना कम होगी और पूरी व्यवस्था सुचारू रूप से चलेगी।
Updated 28 Aug 2025, 23:15 IST; source: link