Home Up News CM Yogi Adityanath Attend VHP Religious Meet In Allahabad

मध्य प्रदेश: बगोटा गांव में एक झोपड़ी में लगी आग, 3 बच्चों की मौत

हावड़ा से पटना जा रही तूफान एक्सप्रेस में लगी आग

2008 से चल रहा था रोटोमैक घोटाला: सीबीआई

बैंक घोटाले में 13 PNB बैंक अधिकारियों से पूछताछ जारी: सीबीआई

नाडा के पीएम 21 फरवरी को अमृतसर में पंजाब के सीएम से करेंगे मुलाकात

संतों को कुछ मांगना नहीं आशीर्वाद देना चाहिए, लेकिन... योगी

UP | 19-Jan-2018 11:35:47 | Posted by - Admin
   
CM Yogi Adityanath Attend VHP Religious Meet in Allahabad

दि राइजिंग न्‍यूज

इलाहाबाद।

 

शुक्रवार को सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ माघ मेला क्षेत्र में विश्व हिंदू परिषद के संत सम्मेलन में शामिल होने के लिए इलाहाबाद पहुंचे। सीएम के साथ डिप्टी सीएम केशव मौर्य समेत कई मंत्री कार्यक्रम में मौजूद हैं।

संगम के तट पर आयोजित विश्व हिन्दू परिषद (विहिप) की धर्म संसद में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ धर्म संसद के मार्गदर्शक मण्डल के सदस्य के रुप में शामिल हुए हैं। सीएम योगी के मंच पर पहुंचते ही विहिप संतों ने सीएम योगी का स्वागत किया। साधु-संतों से सीएम से हाल चाल पूछा और सीएम को आशीर्वाद दिया।

 

 

क्‍या बोले सीएम योगी?

सीएम ने कहा- मैं प्रयाग राज में पूज्य संतों का आशीर्वाद लेने के लिए आया हूं। प्रयागराज दिव्य और पुण्य क्षेत्र है। भारत की आध्यात्मिक ऊर्जा का भी केन्द्र है। संतों के आशीर्वाद से देश के अन्दर ऐसी सरकार है जिससे पूरी दुनिया में देश का गौरव बढ़ा है।

पीएम मोदी जी ने बिना मांगे योग को अन्तराष्ट्रीय मान्यता दिलाई। विरासत को मान्यता प्राप्त होने पर हमें गौरव की अनुभूति होनी चाहिए। माघ मेले की हजारों वर्षों का परंपरा है, लेकिन मोदी जी के प्रयासों से कुम्भ के यूनेस्को विरासत में जगह मिली। संतों को कुछ मांगना नहीं आशीर्वाद देना चाहिए, लेकिन संतों की कुछ मांगे भी होती हैं।

उन्‍होंने कहा पीएम ने प्रदेश की जिम्मेदारी संत को देकर विश्वास व्यक्त किया है। सत्ता में आने पर स्लाटर हाउस बन्द कराने का आरोप लगा रहा है। देश में 12 लाख संत हैं जो गौ वंश की रक्षा का व्रत ले सकते हैं। प्रदेश सरकार हर जिले में 4-5 हजार गायों की गौशाला खोलेगी। गौ माता के संवर्धन और संरक्षण के लिए सरकार अपने स्तर पर प्रयास करेगी।

 

 

सीएम योगी ने आगे कहा, समाज सहयोग करेगा तो बहुत काम हो सकता है। संतों के स्तर पर जागरुकता करना होगा। कुम्भ मेले के सफल संचालन के लिए मार्गदर्शक मण्डल गठित करेंगे। हिन्दू समाज के जाति के नाम पर बांटने की कोशिश हो रही है। देश के अन्दर और देश के बाहर ऐसी ताकतें काम कर रही हैं। देश की संत शक्ति ने अपने लिए कुछ नहीं राष्ट्र के लिए मांगा है। समाज को विभाजनकारी ताकतें अपूरणीय क्षति की कोशिशें कर रही हैं। सरयू के अविरल निर्मल करने की कार्ययोजना तैयार है।

मुख्‍यमंत्री ने कहा, कुम्भ 2019 की सरकार ने तैयारी शुरु कर दी है। पहली बार कुम्भ का लोगों जारी किया है। लोगों के माध्यम से पूरी दुनिया में कुम्भ जाना जायेगा। मेले से एकात्मता का भाव पैदा होता है। यहां अमीर गरीब में कोई भेद भाव नहीं होता। पीएम ने भी संकल्प से सिद्धि की बात कही है।

 

 

क्या कहा चंपतराय ने?

विहिप के अन्तराष्ट्रीय महामंत्री चंपतराय ने कहा, प्रयागराज में हजारों साल से माघ मेला लग रहा है। इसमें साधु-संत के साथ भक्त भी आते हैं। साधु-संत धर्म की रक्षा पर चिंतन करते हैं। हम अपनी परम्पराओं का निर्वहन कर सकते हैं। संत सम्मेलन में संतों का मार्गदर्शन समाज को मिलता है। योगी आदित्यनाथ संत के साथ-साथ प्रदेश के मुखिया बने हैं।

उन्‍होंने कहा, अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण हिन्दुस्तान की प्रतिष्ठा का विषय है। अयोध्या का इतिहास बताता है कि किसी भी आक्रांता को शान्त नहीं बैठने दिया। कानून व्यवस्था के नाम पर अयोध्या में 1950 से ताले डाल दिए गए। संतों की आध्यत्मिक ताकत पर मंदिर का ताला तोड़ा गया। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने भी विवादित स्थल को राम मंदिर की भूमि माना है।

 

 

संत चंपतराय ने कहा, कोर्ट की कुछ बाधाएं हैं लेकिन संतों ने समाज से आह्वान किया है कि 18 से 31 जनवरी तक अपने अपने घरों से भगवान राम की आराधना करें। संतों को भी राम मंदिर निर्माण को लेकर मार्गदर्शन दें।

 

 

क्या बोले स्वामी चिन्मयानंद?

वहीं स्वामी चिन्मयानंद ने कहा, कल्पवासियों की साधना का लाभ पूरे देश और विश्व को मिलता है। आध्यात्मिक साधना से अजेय शक्ति मिलती है, जो हमें संसद और सेना से नहीं मिल सकती है।

उन्होंने कहा, सीएम योगी ने विश्व को दिखा दिया कि यदि सन्यासी को मौका मिलता है तो वह लोगों की सुरक्षा के साथ देश का गौरव लौटा सकता है। योगी के सत्ता संभालने के 24 घंटे अंदर स्लाटर हाउस बन्द हो गए। योगीजी राम मंदिर निर्माण का संकल्प जाहिर न करें। राम जन्म भूमि का मुद्दा को विरासत में मिला है। योगी आध्यात्मिक सेना का नेतृत्व करें। संतों ने योगी से कंधे से कंधा मिलाकर चलने का एलान किया।

 

 

महंत नरेन्द्र गिरी का बयान

सीएम योगी के शासनकाल में माघ मेले की व्यवस्था अच्छी की गई है। राम मंदिर का निर्माण जल्द शुरू होगा। मामला कोर्ट में है इसलिए देरी हो रही है, लेकिन आप सब फ्रिक नहीं करे। वहीं, रामजन्म भूमि न्याय के अध्यक्ष नृत्य गोपाल दास ने कहा, लोग पूछते हैं राम मंदिर कब बनेगा। हम कहते हैं मंदिर निर्माण का समय नजदीक आ गया है। भारतीय जनमानस की आकंक्षाओं की पूर्ति के लिए मंदिर बनना जरूरी है। तीर्थ क्षेत्र में आये साधु-संत योगी के मंगल की कामना करते हैं।

 

"जो मित्र दि राइजिंग न्यूज की खबर सीधे अपने फोन पर व्हाट्सएप के जरिए पाना चाहते हैं वो हमारे ऑफिशियल व्हाट्सएप नंबर से जुडें  7080355555








TraffBoost.NET

Rising Stroke caricature
The Rising News Public Poll





Flicker News

Most read news

 


Most read news


Most read news