Home Top News Case Of 63 Deaths Of Children In Gorakhpur Hospital Named BRD

गुड़गांव: सेक्टर 9 में अपहरण की कोशिश मामले में 2 आरोपी गिरफ्तार

जम्मू कश्मीर की सीएम और डिप्टी सीएम ने किया करगिल का दौरा

सपा के पूर्व नेता अशोक वाजपेयी और स्वेता सिंह बीजेपी में शामिल

राजस्थान: चित्तौड़गढ़ से 8 लाख के अमान्य नोटों के साथ 2 लोगों की गिरफ्तारी

लुधियाना सिटी सेंटर घोटाले में विजीलेंस ब्यूरो से CM अमरिंदर सिंह को क्लीन चिट

Trending :   #Hot_Photoshot   #Sports   #Politics   #Hollywood   #Bollywood

गोरखपुर: इन सवालों से घिर चुका है अस्पताल प्रशासन

Home | 12-Aug-2017 12:15:32 PM
            
   rising news official whatsapp number +91-7080355555

Case of 63 deaths of Children in Gorakhpur Hospital named BRD

दि राइजिंग न्यूज़

आउटपुट डेस्क।

 

गोरखपुर के सरकारी अस्पताल (बीआरडी) में छह दिन में हुई 63 बच्चों की मौत पर सियासी घमासान मचा हुआ है। विरोधी योगी सरकार पर जमकर निशाना साध रहे हैं। गौरतालाब है कि अब राज्य सरकार भी हरकत में आ गई है। बच्चों की मौत का कारण ऑक्सीजन की कमी बताई गई। कंपनी ने भुगतान नहीं होने पर ऑक्सीजन की सप्लाई बंद कर दी थी, जिसके बाद अस्पताल में ऑक्सीजन की कमी हो गई।

 

अब एक्शन में आते हुए पुलिस ने सप्लाई करने वाली फर्म पुष्पा सेल्स प्राइवेट लिमिटेड के मालिक मनीष भंडारी के कई ठिकानों पर दबिश दी और छापे मारा। खबर है कि मनीष भंडारी फरार है।

 

घटना के बाद से ही अस्पताल प्रशासन सवालों के घेरे में है। ऐसे में कई सवाल भी उठ रहे हैं।

 

  • ऑक्सीजन सप्लाई रोकने की सप्लायर की चेतावनी के बाद भी अस्पताल प्रशासन सजग क्यों नहीं हुआ?

  • अगर सप्लायर ने ऑक्जीसन रोका था तो उसे ब्लैकलिस्ट क्यों नहीं किया गया और जरूरी कदम उठाए गए?

  • सरकारी अस्पताल में ऑक्सीजन सप्लाई का विवाद चल रहा था तो स्थानीय प्रशासन ने क्या कदम उठाए?

  • स्वास्थ्य मंत्रालय की कोई जिम्मेदारी है क्या इस तरह की जरूरी व्यवस्थाएं बरकरार रखने में?

  • घटना से 2 दिन पहले ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अस्पताल के दौरे पर गए थे। उन्हें ऑक्सीजन की स्थिति और बच्चों की मौतों के बारे में क्यों नहीं बताया गया? बच्चों की मौत 7 अगस्त से ही शुरू हो गई थी।

 

 

जो मित्र दि राइजिंग न्यूज की खबर सीधे अपने फोन पर व्हाट्सएप के जरिए पाना चाहते हैं वो हमारे ऑफिशियल व्हाट्सएप नंबर से जुडें  7080355555

HTML Comment Box is loading comments...
Content is loading...

 

संबंधित खबरें


 
 
What-Should-our-Attitude-be-Towards-China

 

Rising Stroke caricature
The Rising News Public Poll

 

 

 

Flicker News


Most read news

 

Most read news

 

Most read news

खबर आपके शहर की