Rani Mukerji to Hoist the National flag at Melbourne Film Festival

दि राइजिंग न्यूज़

आउटपुट डेस्क।

अंधविश्वास की सबसे खास बात ये है कि बिना तर्क के होने के बावजूद कई लोग इनमें धड़ल्ले से विश्वास करते रहे हैं। भारत में भी अंधविश्वास का लंबा इतिहास रहा है। 21वीं सदी में प्रवेश करने के बावजूद आज भी हमारे देश में कई अंधविश्वास प्रासंगिक बने हुए हैं। दुनिया के अलग-अलग देशों में भी अंधविश्वास की काफ़ी गहरी जड़ें हैं। अंधविश्वास हमेशा एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी को परम्परा के रूप में मिलता रहा है।

आज हम आपके सामने कुछ ऐसे ही अंधविश्वासों की सूची लेकर आए हैं, जिनमें से कुछ पर आपको गुस्सा आएगा, कुछ पर हंसी आएगी, तो कुछ को पढ़कर आप हैरान हुए बिना नहीं रह पाएंगे।

काली बिल्ली का रास्ता काटना

आप किसी अच्छे काम के लिए बाहर जा रहे हैं, और कोई बिल्ली आपके सामने से निकल गई तो ये अपशगुन हो जाता है। इस अपशगुन से बचने के लिए लोग या तो वापस लौट जाते हैं, या फिर थोड़ी देर रूक कर जाते हैं। कई लोग भगवान का नाम लिए बिना नहीं निकलते या फिर किसी इंसान के उस रास्ते से निकलने का इंतज़ार करते हैं।

दुल्हन की नज़र उतारना

जब दुल्हन विदा होकर अपने ससुराल आती है, तो घर की बड़ी-बुजुर्ग औरतें पानी और धार (पूजा में प्रयोग की जाने वाली एक सामग्री) से उसकी आरती करती हैं, फिर उसे कुएं में डाल देती हैं। इससे माना जाता है कि दुल्हन के साथ आई बुरी आत्माएं घर के अंदर प्रवेश नहीं करेंगी।

बुरी नज़र का लगना

अकसर मां अपने बेटे के माथे पर काला टीका और गले-हाथों पर ताबीज़ बांध देती है। ये सब वो अपने बच्चे को बुरी नज़र से बचाने के लिए करती है। कई लोग बीमार होने पर नज़र लगने को दोष देते हैं। इलाज कराने के बजाए लोग बाकायदा झाड़-फूंक तक करवाते हैं। नज़र से बचने के लिए कई बुद्धिजीवी लोग भी बाजू पर ताबीज़ और पैरों में काले धागे बांधते हैं।

टूटा हुआ कांच

ये अंधविश्वास सामान्य जीवन से निकलकर बॉलीवुड फ़िल्मों तक में जा पहुंचा है। फ़िल्मों में अकसर दिखाया जाता है कि, टूटे हुए कांच को आने वाली किसी दुर्घटना के संकेत के रूप में प्रकट किया जाता है। इस अंधविश्वास के पीछे, शायद टूटे हुए कांच से लगने वाली चोट होगी क्योंकि टूटे हुए कांच में चेहरा देखने से लेकर, उसे घर में रखने तक को, अपशगुन माना जाता है।

कुत्ते-बिल्ली के रोने को माना जाता है अपशगुन

लोग कुत्ते-बिल्लियों के रोने को अशुभ समझते हैं। इसे लोग आने वाली किसी भयंकर विपदा के संकेत के रूप में भी देखते हैं। इसके पीछे भी कोई ठोस तर्क नहीं है, फिर भी बरसों से लोग इस अंधविश्वास को मानते आ रहे हैं।

दिशाशूल और दिन सम्बंधी अंधविश्वास

ये भारत के सबसे प्रचलित अंधविश्वासों में से एक है। इसमें सप्ताह के दिनों के हिसाब से अलग-अलग दिशाओं में जाना अपशगुन माना जाता है। इसके अलावा दिनों के हिसाब से नाखून काटने, बाल कटवाने और मांसाहार खाने को लेकर भी प्रतिबंध रहता है।

नदी में सिक्का फेंकने से मिलती है सफ़लता

ये अंधविश्वास भी काफ़ी ज़्यादा प्रचलित है। लोगों का मानना का है कि नदी में सिक्के फेंकने से सफ़लता मिलती है। इस अंधविश्वास के पीछे कोई तार्किक कारण नहीं है। बस ये अपने पूर्वजों से मिली एक परम्परा है, जिस पर लोग आज भी विश्वास करते हैं।

छींक, मतलब कुछ अशुभ होने का संकेत

अगर आपके घर वाले किसी शुभ काम की बात कर रहे हैं और आपको उस बीच छींक आ गई, तो लोग ऐसे घूरने लगते हैं कि जैसे अचानक से आपके सिर पर सींग निकल आए हों। दरअसल, छींक को लोग विघ्न के रूप में लेते हैं। लोगों का मानना है कि शुभ काम के दौरान छींक देने से किसी अप्रिय घटना के होने की संभावना बढ़ जाती है।

विधवाओं को रखा जाता है शुभ कार्यों से दूर

ये अंधविश्वास, प्रचलित सभी अंधविश्वासों में सबसे वाहियात है। इसके मुताबिक, विधवा महिलाओं को अशुभ मानकर, उन्हें विवाह और दूसरे शुभ कार्यों से दूर रखा जाता है। विधवा महिलाओं को सफेद रंग के अलावा किसी और रंग की साड़ी पहनने पर रोक होती है। अगर किसी महिला के पति की मृत्यु हो जाती है, तो उसका दंड महिला को क्यों मिले? लेकिन समाज के ठेकेदार, इसे परम्परा मानकर इसका पालन करते हैं। इस अंधविश्वास का आज भी कई ग्रामीण इलाकों में पालन किया जाता है।

सिर पर कौवे के बैठने को माना जाता है, मौत का प्रतीक

अमेरिका में कैप्टन जैक स्पैरो भले ही अपने सिर पर कौवे को बैठाए घूमते हों, लेकिन भारत में सिर पर कौवा बैठने को बड़ा अपशगुन माना जाता है। लोग इसे मौत का प्रतीक भी मानते हैं। बचने के टोटके के रूप में जिसके सिर पर कौवा बैठा है, उसका कोई सगा-सम्बंधी रो दे, तो इस अपशगुन का प्रभाव खत्म हो जाता है।

 

 

 

 

जो मित्र दि राइजिंग न्यूज की खबर सीधे अपने फोन पर व्हाट्सएप के जरिए पाना चाहते हैं वो हमारे ऑफिशियल व्हाट्सएप नंबर से जुडें  7080355555

दि राइजिंग न्यूज़

Suggested News

Advertisement

Loading...

Public Poll