Coffee With Karan Sixth Season Teaser Released

दि राइजिंग न्यूज

संजय शुक्ल

लखनऊ।

 

अमीनाबाद के प्रताप मार्केट में होली के दिन लगी आग बिजली के शार्ट सर्किट से लगी। दमकल विभाग की रिपोर्ट में इसका खुलासा किया गया लेकिन लेसा के क्षेत्रीय अभियंता बिजली के शार्ट सर्किट से आग लगने की बात को सिरे खारिज कर देते हैं। अब सवाल यह है कि दमकल विभाग सही है या फिर लेसा। वैसे लेसा अभियंताओं की सरपरस्ती में अमीनाबाद के तमाम बाजारों में तारों की मक़ड़जाल हर तरफ दिखाई देता है। इससे चोरी भी हो रही है लेकिन अभियंता केवल वहां चोरी पकड़ रहे हैं, जहां वसूली नहीं हो रही है। वर्ना तो प्राथमिकी दर्ज कराने और गुववर्क बटोरने के महीनों बाद भी सौदा हुआ करता है।

 

मुख्य अग्निशमन अधिकारी अभय भान पांडेय के मुताबिक आग लगने के बाद मौके पर पहुंचे दमकल दल को मौके पर बिजली के तार बिखरे मिलें। इस कारण से आग लगने की वजह शार्ट सर्किट को ही माना जा रहा है। उनके मुताबिक लेसा के अभियंता भी मौके पर पहुंचे थे और वहां की स्थिति देखी थी लेकिन अमीनाबाद के अधिशासी अभियंता  शार्ट सर्किट से आग लगने की बात को खारिज कर देते हैं। उनके मुताबिक ब्रेकर जला न ही कोई अन्य सामान ऐसे में शार्ट सर्किट से आग नहीं लगी। सवाल यह है कि इतना कुछ मौके पर था तो दमकल विभाग अपनी रिपोर्ट में शार्ट सर्किट की बात कैसे कर रहा है।

सुधार नहीं सुविधा शुल्क की वसूली

गौर तलब है कि पिछले साल भी अमीनाबाद प्रताप मार्केट के नजदीक स्थित मुमताज मार्केट के बेसमेंट आग लगी थी। करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ था। दर्जनों व्यापारी प्रभावित हुए थे। मामला गंभीर था, लिहाजा जिलाधिकारी से लेकर मंडलायुक्त तक ने जांच के आदेश दिए थे। बाजार से तारों का जंजाल साफ कराने तथा अनावश्यक सर्विस केबल हटाने को कहा गया था। मगर भ्रष्टाचार में डूबे अभियंताओं ने इस तरफ कोई काम नहीं किया। नतीजा यह है प्रताम मार्केट,राम तीर्थ मार्केट, गड़बड़झाला, मुमताज मार्केट में तार के मकड़जाल हर तऱफ दिखाई देते हैं।

 

भूमिगत लाइनों में भी खेल

अमीनाबाद बाजार में बिजली लाइनों को भूमिगत करने का करोड़ों रुपये खर्च किए गए। मगर भूमिगत लाइन पड़ने के बाद कहीं से पोल हटाए गए न तार हटे। बाजार में बिजली के तार उसी तरह से दौड़ रहे हैं। अमीनाबाद के अधिशासी अभियंता रमेश कुमार बताते हैं कि प्रताप मार्केट में भूमिगत लाइन का प्रस्ताव था ही नहीं। यह काम मोहन मार्केट, नियामतउल्लाह रोड, जूते वाली गली और स्वदेशी मार्केट के लिए थी लेकिन हकीकत में स्वदेशी मार्केट में  कम चौड़ाई के कारण भूमिगत लाइन नहीं पड़ीं। मोहन मार्केट में दुकानों की छतों के  ऊपर दौड़ती एबीसी लाइन दूर से दिखती है। जूते वाली गली में भी सारे पोल और उनमें लटके दर्जनों सर्विस केबल दूर से दिखते है। मगर अधिकारी यह कहते नहीं थकते कि भूमिगतलाइन डालने का पहले चरण का काम पूरा हो गया है।

सत्यापन को लेकर ही सवाल

अमीनाबाद में काम पूरा होने और उसका सत्यापन किए जाने का मामला अपने आप में पहेली बन गया है। अधिकारी इस बारे में कुछ नहीं रहे हैं। खास बात यह है कि पूर्व में क्षेत्र के अधीक्षण अभियंता इस संबंध में जानकारी न होने की बात कहते हैं। वह कार्य के लिए निर्माण शाखा को उत्तरदायी बताते हैं। इस कारण इसमें काम क्या हुआ और कहां –कितना हुआ, इसकी जानकारी भी विभाग में गोपनीय बन गई है।

 

 

जो मित्र दि राइजिंग न्यूज की खबर सीधे अपने फोन पर व्हाट्सएप के जरिए पाना चाहते हैं वो हमारे ऑफिशियल व्हाट्सएप नंबर से जुडें  7080355555

दि राइजिंग न्यूज़

Suggested News

Advertisement