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एक आंख नहीं मगर चला रहे ई रिक्शा

Rising At 8am | 20-Sep-2017 | Posted by - Admin

  • विकलांगों को ई रिक्शा का लाइसेंस बांट रहा आरटीओ दफ्तर
  • मामला सामने आने के बाद जांच शुरू

   
case of Corruption in the name of E Rickshaw licence

दि राइजिंग न्यूज

संजय शुक्ल

लखनऊ।

 

गूंगे के वाचाल होने तथा पंगु व्यक्ति के पर्वत लांघने की मिसाल आपने जरूर ईश्वर महिमा के बखान में सुनी होगी लेकिन वर्तमान समय में कुछ इसी तरह की करिश्मा परिवहन विभाग में सक्रिय दलाल कर रहे हैं। जी हां, चौकिंए नहीं राजधानी में कई विकलांग ई रिक्शा लेकर चल रहे हैं। इनमें दो तीन ऐसे हैं, जिनकी एक आँख ही खराब है लेकिन बिना आंख के ये चालक परिवहन विभाग को दिखाई दे रहे हैं न चौराहों पर तैनात रहने वाले ट्रैफिक पुलिस कर्मियों को।

इसका प्रकरण बुधवार को डालीगंज में देखने को मिला, जहां ई रिक्शा नंबर यूपी 32 एचएन 3479 ने एक ईयान कार को दाहिना तऱफ से टक्कर मार दी। अचानक टक्कर में कोई चोटिल नहीं हुआ लेकिन जब रिक्शा चालक को रोका गया तो परिवहन विभाग की भ्रष्टाचार जरूर सामने आ गया। दरअसल बैट्री रिक्शा चलाने वाले व्यक्ति की दाहिनी आँख खराब थी यानी उस आँख से दिखाई नहीं देता था। यह बात लोगों के सामने उसने कुबूल की। ऐसे में यह सवाल भी अहम हो गया कि उसे ई रिक्शा कैसे चलाने को मिला। लाइसेंस उसके पास था नहीं। पकड़े गए रिक्शा चालक ने खुद विकलांग बताया।

 

इस बावत जब आरटीओ दफ्तर में लाइसेंसिग शाखा के प्रभारी आरआई सर्वेश चतुर्वेदी से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि यह बहुत गंभीर विषय है। कारण है कि बैट्री रिक्शा के पंजीयन बिना लाइसेंस के होने का प्रावधान ही नहीं है। यानी पंजीयन के वक्त स्वामी के पास लाइसेंस होना जरूरी है। इससे दफ्तर में चल रहे तमाम गोरखधंधे की कलई खुलने लगीं तो इसकी जांच कराने का दम भरा गया।

महिला के नाम पर है रिक्शा

 

संभागीय निरीक्षक सर्वेश चतुर्वेदी ने बताया कि उक्त रिक्शा सर्वोदय नगर निवासी रश्मि अग्रहरि के नाम पर पंजीकृत है। पंजीयन में लर्निंग लाइसेंस भी उन्ही का लगा है जबकि बुधवार सुबह यही रिक्शा विकलांग व्यक्ति चला रहा था। सवाल यही है कि बिना लाइसेंस के रिक्शा आखिर कैसे संचालित हो रहा था। वैसे यह केवल एक मामला नहीं है, ठाकुरगंज, चौक, विक्टोरिया स्ट्रीट सहित कई इलाकों में बहुत कम उम्र के बच्चे ही बैट्री रिक्शे से सवारियां ढो रहे हैं। पुलिस भी आँख मूंद कर इन रिक्शा चालकों से पचास से लेकर सौ रुपये प्रतिदिन के हिसाब से वसूली कर रही है।

 

जारी हुई नोटिस

 

कार चालक की शिकायत पर वाहन स्वामी को नोटिस जारी की गई है। इसमें वाहन स्वामी को तत्काल तलब किया गया है। वाहन स्वामी के सामने के प्रस्तुत न होने पर ई रिक्शा का पंजीयन रद कर उसे जब्त कराने की दावा संभागीय निरीक्षक ने किया है।

 

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