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अवैध निर्माण का गायब हुआ लेखा-जोखा           

Lucknow | 14-Nov-2017 17:55:49 | Posted by - Admin

 

  • नई जोनल व्‍यवस्‍था को बता रहे कारण
  • बीते दिनों सात जोन में बांटा गया था
   
Files of Encroachment Invisible from LDA

दि राइजिंग न्‍यूज

लखनऊ।

 

लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) के विहित प्राधिकारी ने बीते तीन माह में 40 अवैध निर्माणों पर ध्‍वस्‍तीकरण की कार्रवाई की। इसके बाद कितने निर्माणों को गिराया गया इसका कोई लेखा जोखा नहीं है। मामले पर जोनल अधिकारी नई जोन व्‍यवस्‍था लागू होने के बाद आदेश को इधर से उधर होना बता रहे हैं। उनके पास ध्‍वस्‍तीकरण की कार्रवाई का कोई लेखा-जोखा ही नहीं है। जबकि आदेश को ढ़ाल बनाकर सुपर वाइजर से लेकर अवर अभियंता तक बिल्डिंग की कंपाउंडिंग कराने में जुटे जाते हैं। 

 

अवैध निर्माणों को लेकर पुराने लखनऊ में एलडीए की कार्रवाई सबसे सुस्‍त है। इतना सब होने के बाद भी प्राधिकारी के यहां से जो ध्‍वस्‍तीकरण और सीलिंग के आदेश जारी होते हैं उन पर काबिल अभियंता अपना शातिर दिमाग लगाकर अवैध वसूली के लिए पूरी सेटिंग करने लगते हैं। मामला चाहे ठाकुरगंज का रहा हो या फिर नादान महल मार्ग का इन जगहों पर जब भी ध्‍वस्‍तीकरण के आदेश हुए अभियंताओं ने मामला सेट कर दिया। इसी बीच तेजी से निर्माण पूरा हो गया और फिर मामला फुस्‍स हो गया। ठाकुरगंज की मनोहर कॉलोनी में तीन अवैध अपार्टमेंट बनें हैं जिनमें बीते साल दो को गिराने का आदेश भी हुआ था लेकिन अभियंताओं ने कंपाउंडिंग जमा करा दिया। अब ना तो ध्‍वस्‍तीकरण भी पाया और ना ही कंपाउंडिंग का नक्‍शा पास हो पाया।

“नई जोन व्‍यवस्‍था लागू होने के बाद कई क्षेत्र इधर-उधर हो गए हैं। इसलिए पिछले तीन महीने में ध्‍वस्‍तीकरण के आदेश खोज पाना मुश्किल है। जो भी आदेश आ रहे हैं उसपर कार्रवाई हो रही है। हां कुछ जगहों पर मौके से फोर्स नही मिल पाती जिससे कार्रवाई पर असर पड़ता है।”

ओपी मिश्र

अधिशासी अभियंता जोन-छह

“सभी अभियंताओं को स्‍पष्‍ट आदेश दिया गया है कि ध्‍वस्‍तीकरण आदेश के बाद किसी भी अवैध निर्माण का शमन शुल्‍क जमा नहीं होगा। यदि कोई भी अभियंता बिना विहित प्राधिकारी के जानकारी में आए बिना ऐसा काम करता है तो उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी।”

महेंद्र मिश्र

विहित प्राधिकारी

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