Kajol Says SRK is Giving Me The Tips of Acting

दि राइजिंग न्‍यूज

लखनऊ।

 

बसपा प्रमुख मायावती ने 10 मई 2017 को नेता नसीमुद्दीन सिद्दीकी और उनके बेटे अल्‍ताफ को पार्टी से बर्खास्त कर दिया था। इनपर अनुशासनहीनता का आरोप लगा था। पार्टी से बाहर होने के बाद सिद्दीकी ने भी मायावती पर 50 करोड़ रुपए मांगने का आरोप लगाते हुए उनके ऑडियो मीडिया के सामने लाए थे।

राहुल से तीसरी मुलाकात में बनी बात

बसपा के बाद पिछले 10 महीनों से अपनी राजनीतिक जमीन तलाश रहे नसीमुद्दीन सिद्दीकी के कांग्रेस में जाने के संकेत मिल रहे हैं। उनके करीबियों ने बताया, सिद्दीकी अब तक तीन बार राहुल गांधी से मुलाकात कर चुके हैं।

पहली मुलाकात उन्होंने गुजरात चुनाव का रिजल्ट आने के बाद 28 दिसंबर 2017 को की थी। फिर जनवरी 2018 में एक मुलाकात हुई और आखिरी मुलाकात बीते 18 फरवरी को गुलाम नबी आजाद ने कराई थी। इस मुलाकात में राहुल ने नसीमुद्दीन के पार्टी में आने की हामी भर दी है।

कांग्रेस नेताओं के मुताबिक, 22 फरवरी को नसीमुद्दीन कांग्रेस ज्वाइन करेंगे। इनके अलावा बसपा के तीन पूर्व मंत्री, चार पूर्व सांसद, तीन दर्जन पूर्व विधायक, विधानसभा और लोकसभा के उम्मीदवार रह चुके प्रत्याशी भी पार्टी में शामिल होंगे।

कौन हैं नसीमुद्दीन सिद्दीकी?

बांदा जिले के सेवरा गांव के रहने वाले हैं। वॉलीबॉल में नेशनल लेवल के प्लेयर के अलावा रेलवे कॉन्ट्रैक्टर भी रहे।

1988 राजनीतिक कॅरियर शुरू किया। इसी साल बसपा से जुड़े। 1991 में पहली बार विधायक चुने गए। 1993 में हार गए थे। मायावती 1995 में पहली बार मुख्‍यमंत्री बनीं। नसीमुद्दीन कैबिनेट मंत्री बने।

1997 और 2002 में भी मंत्री रहे। 13 मई 2007 से सात मार्च 2012 तक मायावती की फुल टाइम गवर्नमेंट में भी मंत्री रहे। 29 साल बाद 10 मई 2017 को मायावती ने पार्टी के खिलाफ काम करने के आरोप में नसीमुद्दीन और उनके बेटे अल्ताफ को बाहर कर दिया।

जो मित्र दि राइजिंग न्यूज की खबर सीधे अपने फोन पर व्हाट्सएप के जरिए पाना चाहते हैं वो हमारे ऑफिशियल व्हाट्सएप नंबर से जुडें  7080355555

दि राइजिंग न्यूज़

Suggested News

Advertisement